हमने देखा है-कविता-रसूल हमज़ातोव-Hindi Poetry-कविता-Hindi Poem | Kavita Rasul Gamzatov(Rasool Hamzatov) 

हमने देखा है-कविता-रसूल हमज़ातोव-Hindi Poetry-कविता-Hindi Poem | Kavita Rasul Gamzatov(Rasool Hamzatov)

हमने देखा है मयगुसारों को
पी के और जी के अख़िरश मरते
जो नहीं पीते मौत को उनसे
किसने देखा है दरगुज़र करते

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