रक्षाबंधन-प्रो. अजहर हाशमी-Prof. Azhar Hashmi | Hindi Poem | Hindi Kavita,

 रक्षाबंधन-प्रो. अजहर हाशमी-Prof. Azhar Hashmi | Hindi Poem | Hindi Kavita,

रक्षाबंधन ज्यों काव्य सरल
भाई -बहनें ज्यों गीत- गजल

रक्षा बंधन है एक नदी
बहनें लहरें हैं, भाई जल

रक्षाबंधन खुशियों की खनक
बहनें रौनक, भाई संबल

रक्षा बंधन सुख का मौसम
बहनें बारिश, भाई बादल

रक्षाबंधन आँखों की तरह
बहनें दृष्टी, भाई काजल

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