छवि-उमेश शुक्ल -Hindi Poetry-हिंदी कविता -Hindi Poem | Hindi Kavita Umesh Shukla

छवि-उमेश शुक्ल -Hindi Poetry-हिंदी कविता -Hindi Poem | Hindi Kavita Umesh Shukla

दिल में इतराती हुई लहरों से उपजती है छवि
इसी हलचल को बयां करते हैं लफ्जों से कवि
वो जब जब याद की दरिया में डूब जाते हैं
आईना देखने पर उनको महबूब नजर आते हैं…

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